News Website

आखिरी गेंद पर फुल ड्रामा, हारी CSK, सिंकदर ने यूं चूर-चूर किया धोनी का चक्रव्यूह

चेन्नई: चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ अगर मैच फंसा हो और धोनी मैदान पर हों तो वह टीम का मैच नहीं होता है। वह धोनी का मैच होता है। इसके बाद का अंदाजा लगाना फैंस के लिए आसान है, लेकिन रविवार का दिन थोड़ अलग था। पंजाब ने आखिरी ओवर में महेंद्र सिंह धोनी के चक्रव्यूह को चकनाचूर करते हुए 4 विकेट से जीत दर्ज की। जब आखिरी ओवर में 9 रन चाहिए थे तो इस बारे में किस तरह से सिकंदर रजा और शाहरुख खान ने प्लानिंग की थी इस बारे में बताया।

उन्होंने मैच जीतने के बाद कहा- जब भी आप अपनी टीम के लिए मैच जीतते हैं तो यह अच्छा अहसास होता है। मैं बस ड्रेसिंग रूम में उठे हुए हाथों को देख रहा था (अंतिम गेंद से पहले अंपायरों से चर्चा)। कोई अनुमान नहीं था। मैं समझ नहीं पा रहा था। हमने (सिकंदर और शाहरुख ने) कहा था कि लगभग रनों बॉल है और एक बाउंड्री दूर हैं। अगर हम ऐसा नहीं कर पाए तो हम अच्छी तरह दौड़ेंगे।

उन्होंने आगे कहा- जिस ओवर में लिवी (लियाम लिविंगस्टोन) ने कमान संभाली और एक ओवर में 20 रन लिए तो माहौल बदल गया था। जब मैं गया तो मैं बस जितना हो सके उतना भागना चाहता था। मैं छक्का मारने की कोशिश कर रहा था, लेकिन सफल नहीं हो रहा था। बता दें कि आखिरी गेंद पर टीम को 3 रन चाहिए थे और सिकंदर रजा और शाहरुख खान ने दौड़कर इसे पूरा किया, जो आसान नहीं होता है।अगर मैदान पर फील्ड धोनी सजाएं तो यह किसी भी तरह से संभव नहीं है कि कोई 3 रन दौड़ पाए, लेकिन सिकंदर और शाहरुख ने ऐसा कर दिखाया। चेन्नई सुपर किंग्स के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने पंजाब किंग्स के खिलाफ चार विकेट की शिकस्त के बाद कहा कि लक्ष्य का बचाव करने के दौरान बीच के दो ओवर में अधिक रन लुटाना उनकी टीम को भारी पड़ा। धोनी ने कहा, ‘बीच के ओवरों में हमने दो खराब ओवर डाले। गेंदबाजों को पता होना चाहिए कि कहा गेंदबाजी करनी है। यह साफ था कि अब बल्लेबाज बड़े शॉट लगाने की कोशिश करेंगे।’

उन्होंने कहा, ‘हम अपने बल्लेबाजी के दौरान 10-15 रन ज्यादा बना सकते थे। हमारे गेंदबाज अभी युवा हैं। उन्हें अभी थोड़ा और अनुभव चाहिए।’ उन्होंने दबाव में शानदार गेंदबाजी करने के लिए महीश पथिराना की तारीफ करते हुए कहा, ‘उसने ने अच्छी गेंदबाजी की लेकिन इसके अलावा हमें यह देखने की जरूरत है कि क्या हमारी योजना गलत थी या उसका क्रियान्वयन खराब था।’ जीत के लिए 201 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए पंजाब की टीम मैच के 15वें ओवर के बाद तीन विकेट पर 129 रन बनाकर संघर्ष कर रही थी लेकिन चेन्नई के गेंदबाजों ने 16वें ओवर में 24 और 17वें ओवर में 17 रन लुटा दिए जिससे मैच का रुख मुड़ गया।

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

Leave A Reply

Your email address will not be published.

error: Content is protected !!