भोपाल नगर निगम की बजट मीटिंग में नीमच जिले में लगने वाले विंड और सोलर प्रोजेक्ट को लेकर कांग्रेसी पार्षदों ने हंगामा कर दिया। उन्होंने अध्यक्ष किशन सूर्यवंशी की कुर्सी घेर ली और नारेबाजी शुरू कर दी। उन्होंने पूछा- एक्सपर्ट की राय ली गई क्या? इसके बाद कांग्रेस पार्षद अध्यक्ष की कुर्सी के सामने ही धरने पर बैठ गए। दोनों प्रोजेक्ट को लेकर बहुमत के आधार पर मंजूरी दे दी गई। ऐशबाग स्टेडियम का नाम भी बदला गया है। यह बीजेपी के वरिष्ठ नेता और भोपाल के पूर्व सांसद स्व. कैलाश सारंग के नाम पर हो गया है। इसके अलावा दो सड़कों के नाम भी पूर्व मुख्यमंत्री स्व. बाबूलाल गौर और शहीद ग्रुप कैप्टन वरुण सिंह के नाम पर रखे गए हैं।
एजेंडे पर चर्चा के बाद महापौर मालती राय का अभिभाषण शुरू हो गया। उन्होंने मौजूदा वित्तीय स्थिति ठीक नहीं बताई। आय से ज्यादा खर्च बताया। इस कारण परेशानी होने की बात कही है। इस बार के बजट में आय-व्यय में संतुलन बनाने का प्रयास किया है। अनावश्यक खर्च पर कटौती की है। पिछले बजट के बारे में भी महापौर ने बताया। महापौर बजट पेश कर रही हैं। 3300 करोड़ रुपए का बजट पेश किया जा रहा है। यह बजट 8231 रुपए घाटे का बताया गया है। महापौर ने कहा कि भोपाल में व्यक्तिगत नल कनेक्शन की दिशा में काम कर रहे हैं। भविष्य में यह घोषणा पूरा करेंगे। स्वच्छता में भोपाल को नंबर-1 बनाएंगे। इसके लिए सबको प्रयास करना होगा। हर पार्षद अपने वार्ड की जिम्मेदारी लें। महापौर ने पार्षदों से कहा कि वह जनमदिन, एनिवर्सिरी के दिन एक पौधा जरूर लगाएं और उसकी बच्चे की तरह परवरिश करें।
जिनके नाम मकान आवंटित नहीं, उन्हें हटाएंगे
महापौर ने कहा कि पीएम आवास के तहत ऐसे कई मकान हैं, जिनमें आवंटन तो किसी के नाम से हुआ, लेकिन रह कोई और रहा है। ऐसे लोगों को हटाएंगे। यह काम पार्षद करें। वे अपने वार्ड की चिंता करें। ताकि सही लोगों को मकान मिल सके। जिनके नाम से मकान का आवंटन हुआ है, वे ही मकान में रहें।