कूनो में एक और चीता की मौत क्यों?
- मध्य प्रदेश के कूनो नैशनल पार्क में दक्षिण अफ्रीका से लाए गए एक और चीता की रविवार को मौत हो गई। अधिकारियों के अनुसार, ‘उदय’ नाम के चीते की उम्र छह साल थी। कूनो में महीने भर के भीतर दूसरे चीते की मौत हुई है। 27 मार्च को नामीबिया से लाई गई ‘साशा’ की मौत हो गई थी।
- फॉरेस्ट डिपार्टमेंट के अनुसार, उदय की हालत शनिवार तक ठीक थी। रविवार को अचानक उसकी तबीयत बिगड़ गई। सोमवार को उदय का पोस्टमार्टम किया जाएगा। साशा को किडनी की परेशानी थी मगर उदय की मौत से अधिकारी हैरान हैं। रविवार सुबह उदय थोड़ा सुस्त लगा, वह अपना सिर झुकाकर चल रहा था।
- उदय को ट्रांक्विलाइज कर क्वारंटीन किया गया। उसे दवाएं और सलाइन दिया ही जा रहा था कि उसने दम तोड़ दिया। जबलपुर और भोपाल से एक्सपर्ट कूनो पहुंच रहे हैं, वे उदय की मौत की वजह का पता लगाएंगे। शुरुआती रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि चीता शायद भारत की जलवायु के साथ तालमेल नहीं बिठा पाया हो।
- भारत सरकार ने साउथ अफ्रीका से लाए गए 12 चीतों को इस साल 18 फरवरी को कूनो नैशनल पार्क में छोड़ा था।